विश्वकर्मा आरती Vishwakarma Aarti Lyrics Hindi

विश्वकर्मा आरती Vishwakarma Aarti Lyrics Hindi

जय हिन्द दोस्तों,

लो जी भक्तो, इस पोस्ट में हम आपको विश्वकर्मा आरती Vishwakarma Aarti की विडियो जो RDC Rajasthani YouTube चैनल पर मोजूत है

विश्वकर्मा जी के बर्थडे पर पुरे देश में विश्वकर्मा Day मनाया जाता है इस दिन मशीनों, औजारों, दुकानों और अस्त्र-शस्त्र की पूजा होती है और विश्वकर्मा आरती का पाठ होता है. माना जाता है की, अगर आप सच्चे मन से विश्वकर्मा जी की पूजा करते हो तो भगवान् विश्वकर्मा की बहुत ज्यादा खुश होते है और आपके अन्दर और आपके पास जो लोहे की चीज़े होती है सब की Negative Energy को खत्म कर देते है और Positivity देते है.

Vishwakarma Aarti Lyrics Hindi में निचे दे रखा है तो आप वहा से लिरिक्स को पढ़े.

विश्वकर्मा आरती Vishwakarma Aarti Lyrics Hindi
विश्वकर्मा आरती Vishwakarma Aarti Lyrics Hindi

Songs Credits

  • गीत: श्री विश्वकर्मा जी आरती
  • गायक: दिनेश माली
  • संगीत: दिनेश माली
  • गीत: दिनेश माली

Vishwakarma Aarti Lyrics Hindi

अगर आप विश्वकर्मा आरती के दीवाने है और अगर आपको Vishwakarma Aarti Lyrics Hindi में चाहिये………… तो हम आपको Lyrics Provide करवा रहे है.

ॐ जय श्री विश्वकर्मा, प्रभु जय श्री विश्वकर्मा |
सकल सृष्टि के करता, सकल सृष्टि के करता
रक्षक स्तुति धर्मा ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

आदि सृष्टि मे विधि को श्रुति उपदेश दिया |
प्रभू श्रुति उपदेश दिया |
जीव मात्रा का जग मे, जीव मात्रा का जग मे
ज्ञान विकास किया ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

ऋषि अंगीरा तप से, शांति नहीं पाई |
प्रभू शांति नहीं पाई |
ध्यान किया जब प्रभू का, ध्यान किया जब प्रभू का
सकल सिद्धि आई
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

रोग ग्रस्त राजा ने जब आश्रया लीना |
संकट मोचन बनकर, संकट मोचन बनकर
दुःखा कीना ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

जब रथकार दंपति, तुम्हारी टर करी |
सुनकर दीं प्रार्थना, सुनकर दीं प्रार्थना
विपती सारी हरी ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

एकानन चतुरानन, पंचानन राजे |
त्रिभुज चतुर्भुज दशभुज, त्रिभुज चतुर्भुज दशभुज
सकल रूप सजे ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

ध्यान धरे तब पद का, सकल सिद्धि आवे |
मन द्विविधा मिट जावे, मन द्विविधा मिट जावे
अटल शक्ति पावे ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

श्री विश्वकर्मा की आरती जो कोई गावे |
भाजात गजानांद स्वामी, भाजात गजानांद स्वामी
सुख संपाति पावे ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

ॐ जय श्री विश्वकर्मा, प्रभु जय श्री विश्वकर्मा |
सकल सृष्टि के करता, सकल सृष्टि के करता
रक्षक स्तुति धर्मा ||
ॐ जय श्री विश्वकर्मा |

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